Musings

Selected poems by Dr R S Tiwari

आलोक प्रवाह

जिनकी फ़ितरत सिर्फ़ गणित लगाने की ,

बस अपनी ही भूख-प्यास मिटाने की,

जीवन भर वे कब किसी के सगे हुए?

करें फ़िक्र जो उसके मरने-जीने की |

डॉ शिखरेश | 10.01.2025

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